SEBI ने किन 'ट्रेडिंग गुरुओं' पर कार्रवाई की — और उनके आदेशों से क्या सीखें
"मैं तो सिर्फ़ पढ़ाता हूँ" — SEBI के कई आदेशों में यही बचाव दर्ज है। फिर भी उन्हीं आदेशों में लाइव क्लास में शेयर के नाम, एंट्री-एग्ज़िट भाव और करोड़ों की फ़ीस दर्ज है। यह पेज उन सार्वजनिक आदेशों का सार है — ताकि अगली बार कोई कोर्स बेचे, आप पहले पहचान लें।
यह पेज क्यों
F&O में हारने वाले बहुत से लोगों की शुरुआत एक वीडियो, एक टेलीग्राम ग्रुप या एक "मेंटरशिप कोर्स" से होती है। SEBI के आदेश सार्वजनिक हैं, पर लंबे और अंग्रेज़ी में। हम यहाँ सिर्फ़ उनका सार देते हैं — जो SEBI ने लिखा, वही; हमारी अपनी कोई राय या आरोप नहीं।
ध्यान दें: अंतरिम आदेश में आरोप होते हैं, अंतिम फ़ैसला नहीं। हर मामले की ताज़ा स्थिति SEBI या SAT की वेबसाइट पर देखिए।
चार बड़े मामले — SEBI के आदेशों के मुताबिक़
| मामला | आदेश | SEBI ने क्या कहा | रक़म |
|---|---|---|---|
| अवधूत साठे ट्रेडिंग अकादमी | अंतरिम, 4 दिसंबर 2025 | "शिक्षा" के नाम पर लाइव सेशन में शेयर-विशेष सलाह; बिना रजिस्ट्रेशन सलाहकार/रिसर्च एनालिस्ट जैसा काम; बाज़ार से रोक | ₹546 करोड़ ज़ब्ती का निर्देश; SAT ने जनवरी 2026 में इसे ₹100 करोड़ जमा कराने तक बदला |
| अस्मिता पटेल ग्लोबल स्कूल ऑफ़ ट्रेडिंग (और 5 अन्य) | अंतरिम, 6 फ़रवरी 2025 | कोर्स की आड़ में बिना रजिस्ट्रेशन सलाह; 42 क्लाइंट की शिकायतों के बाद जाँच | ₹53.67 करोड़ ज़ब्त; ₹104 करोड़ और पर नोटिस |
| "Baap of Chart" (मो. नसीरुद्दीन अंसारी और 6 अन्य) | अंतिम, दिसंबर 2024 | बिना रजिस्ट्रेशन सलाह और भ्रामक मुनाफ़े के दावे; एक साल तक बाज़ार से रोक | ₹17.2 करोड़ निवेशकों को लौटाने का आदेश; न चुकाने पर दिसंबर 2025 में ₹18.14 करोड़ की वसूली कार्यवाही |
| रवींद्र भारती एजुकेशन इंस्टीट्यूट | अंतरिम, अप्रैल 2024 | फ़ीस लेकर बिना रजिस्ट्रेशन सलाह; 25% से 1000% तक के रिटर्न के लालच वाले दावे | ₹12.04 करोड़ ज़ब्त |
इन चार मामलों के मूल आदेशों में ही ₹600 करोड़ से ज़्यादा की रक़म ज़ब्ती या वापसी के लिए लिखी गई — और यह पैसा कहाँ से आया? कोर्स और ग्रुप की फ़ीस से, यानी उन्हीं लोगों से जो बाज़ार से कमाना सीखने आए थे।
आदेशों में बार-बार दिखने वाला पैटर्न
- मुफ़्त वीडियो / सोशल मीडिया — बड़े मुनाफ़े के स्क्रीनशॉट, आलीशान ज़िंदगी।
- सस्ता "बेसिक कोर्स" — फिर महँगा "एडवांस" या "मेंटरशिप"।
- लाइव क्लास या व्हाट्सऐप/टेलीग्राम ग्रुप — जहाँ "सिखाने" के नाम पर असली शेयर, असली भाव, एंट्री और एग्ज़िट बताए जाते हैं।
- "मैं सलाह नहीं देता, सिर्फ़ पढ़ाता हूँ" — यह बचाव कई आदेशों में दर्ज है; SEBI ने उसे काम के आधार पर परखा, नाम के आधार पर नहीं।
सबसे ज़रूरी बात: कमाई ट्रेडिंग से नहीं, फ़ीस से थी। एक मामले में SEBI ने दर्ज किया कि करोड़ों का पोर्टफ़ोलियो बताने वाले की अपनी ट्रेडिंग से कई साल में कमाई सिर्फ़ लगभग ₹12 लाख थी।
नियम अब क्या कहते हैं
- 29 अगस्त 2024 से: SEBI से रजिस्टर्ड संस्थाएँ (ब्रोकर, म्यूचुअल फ़ंड आदि) ऐसे लोगों से पैसे या रेफ़रल का रिश्ता नहीं रख सकतीं जो बिना रजिस्ट्रेशन सलाह देते हैं या मुनाफ़े के दावे करते हैं। अक्टूबर 2024 के सर्कुलर ने ऐसे रिश्ते तीन महीने में ख़त्म करने को कहा।
- शिक्षा देने वाले लाइव भाव के साथ "पढ़ा" नहीं सकते — पुराने भाव ही इस्तेमाल करने होते हैं। (इसी वजह से इस साइट का हर आँकड़ा कम से कम 31 दिन पुराना है।)
- अक्टूबर 2025 से: रजिस्टर्ड ब्रोकर और म्यूचुअल फ़ंड के UPI पते
@validवाले होते हैं (जैसेabc.brk@validबैंक), और भुगतान पर हरे त्रिकोण में अँगूठे का निशान दिखता है।
पैसा देने से पहले — 5 जाँच
- रजिस्ट्रेशन नंबर माँगिए (INA… सलाहकार, INH… रिसर्च एनालिस्ट) और SEBI की वेबसाइट पर रजिस्टर्ड इंटरमीडियरी सूची में ख़ुद मिलाइए।
- SEBI Check (SEBI वेबसाइट / Saarthi ऐप) में वह UPI ID या खाता डालिए जिसमें पैसा भेजना है।
- "पक्के मुनाफ़े", "रोज़ की कमाई", "100 गुना" जैसे दावे — रजिस्टर्ड सलाहकार को भी ऐसे दावे करने की इजाज़त नहीं है।
- निजी खाते में फ़ीस, या "ग्रुप में जुड़ने के लिए अभी पैसा भेजो" — रुकिए।
- उसकी कमाई किससे है? अगर कोर्स और सब्सक्रिप्शन से, तो उसका फ़ायदा आपके ट्रेड करते रहने में है — आपके जीतने में नहीं।
पूरी सूची: बाज़ार के जाल — टिप, फ़िनफ़्लुएंसर, स्कैम
अगर आप पहले ही पैसा दे चुके हैं
- SEBI शिकायत: SCORES — scores.sebi.gov.in
- धोखाधड़ी: साइबर क्राइम हेल्पलाइन 1930 या cybercrime.gov.in
- फिर अपना असली हिसाब जोड़िए — फ़ीस, नुकसान, चार्ज: अपना हिसाब → F&O कैसे छोड़ें → निवेश की शुरुआत
यह पेज कैसे अपडेट होगा
SEBI जब भी कोर्स, टिप-ग्रुप या फ़िनफ़्लुएंसर पर नया आदेश देगा, हम उसे पढ़कर यहाँ सार जोड़ेंगे — सिर्फ़ आदेश में लिखी बात, स्रोत के साथ। किसी मामले में अंतिम फ़ैसला या अपील का नतीजा आए, तो वह भी।
यह पेज सिर्फ़ जानकारी के लिए है, निवेश की सलाह नहीं। यहाँ किसी शेयर, फ़ंड, स्कीम, बीमा या ब्रोकर का नाम लेकर कोई सिफ़ारिश नहीं की गई है, और आगे कितना मिलेगा इसका कोई दावा नहीं है। नियम और टैक्स की दरें बदलती रहती हैं — कोई भी फ़ैसला लेने से पहले ताज़ा नियम ख़ुद जाँचिए।
हम SEBI में रजिस्टर्ड निवेश सलाहकार या रिसर्च एनालिस्ट नहीं हैं। यह पूरा पेज AI ने लिखा है; उसमें ग़लती हो सकती है। बाज़ार में जोखिम है — कोई भी फ़ैसला लेने से पहले SEBI-रजिस्टर्ड सलाहकार से बात कीजिए।